'संगतकार' कविता के अनुसार संगतकार की मुख्य भूमिका क्या है?
Answer
B) मुख्य गायक के भारी स्वर में अपना सुंदर और कमजोर स्वर मिलाना
The correct answer is B) मुख्य गायक के भारी स्वर में अपना सुंदर और कमजोर स्वर मिलाना — इसलिए सही विकल्प (B) है।
Step-by-step solution
- कवि मंगलेश डबराल की कविता 'संगतकार' में संगतकार की भूमिका का वर्णन किया गया है।
- संगतकार मुख्य गायक के गंभीर और भारी स्वर के साथ अपनी सुरीली, धीमी और काँपती हुई आवाज़ मिलाकर उसके गायन को बल प्रदान करता है।
- इसलिए सही विकल्प (B) है।
Common mistake: संगतकार की आवाज़ को उसकी असफलता मान लेना जबकि वह उसकी निस्वार्थता है।
Concept tested: संगतकार की भूमिका
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